Punjab Vidhan Sabha Special Session शुरू — दिवंगत आत्माओं को दी गई श्रद्धांजलि, दोपहर 2 बजे CM Mann की कैबिनेट मीटिंग में हो सकता है बड़ा ऐलान
आज पंजाब विधानसभा का विशेष सत्र (Special Session of Punjab Assembly) शुरू हो गया है। कार्यवाही की शुरुआत सदन में श्रद्धांजलि सभा से हुई, जिसमें राज्य की राजनीति, सेना और प्रशासन से जुड़ी महत्वपूर्ण हस्तियों को श्रद्धांजलि दी गई।
इस विशेष सत्र को लेकर पहले से ही राजनीतिक गलियारों में चर्चा थी कि मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान कुछ अहम प्रस्ताव और विधेयक लेकर आने वाले हैं। अब इस संभावना को और बल तब मिला, जब सीएम मान ने दोपहर 2 बजे अचानक कैबिनेट मीटिंग बुलाई है।
🙏 श्रद्धांजलि से हुई सत्र की शुरुआत
सत्र की शुरुआत में सदन में दिवंगत आत्माओं को श्रद्धांजलि दी गई।
2 मिनट का मौन रखा गया, और उनके योगदान को याद किया गया। जिन महानुभावों को श्रद्धांजलि दी गई, उनमें शामिल हैं:
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विधायक डॉ. कश्मीर सिंह सोहल
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पूर्व केंद्रीय मंत्री सुखदेव सिंह ढींडसा
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डॉ. रतन सिंह जग्गी
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नायक सुरिंदर सिंह
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लांस नायक बलजीत सिंह
सभी दलों के विधायकों ने गंभीरता और एकता के साथ श्रद्धांजलि अर्पित की, जो इस विशेष सत्र की गरिमा को दर्शाता है।
🏛️ क्या है इस सत्र की खास बात?
यह सत्र 10 और 11 जुलाई को दो दिवसीय रखा गया है और इसे “विशेष सत्र” का दर्जा दिया गया है।
मुख्य उद्देश्य:
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बेअदबी मामलों (sacrilege cases) पर सख्त कानून लाना।
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पंजाब में सांप्रदायिक सौहार्द बनाए रखने हेतु विधायी मजबूती।
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कुछ नए वित्तीय प्रस्ताव और सामाजिक योजनाओं पर कानून।
🟢 मुख्यमंत्री मान की दोपहर 2 बजे बुलाई गई कैबिनेट मीटिंग
सबसे बड़ी बात यह है कि CM Bhagwant Mann ने सत्र के दौरान ही 2 PM पर अचानक कैबिनेट मीटिंग बुलाई है।
यह मीटिंग Punjab Secretariat में होगी, जिसमें विधानसभा में पेश किए जाने वाले प्रस्तावों और विधेयकों को अंतिम मंजूरी दी जाएगी।
सूत्रों के अनुसार, कैबिनेट की बैठक में नीचे दिए गए मुद्दों पर चर्चा और मंजूरी संभव है:
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बेअदबी विरोधी विधेयक (Anti-Sacrilege Bill)
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नई शिक्षा या स्वास्थ्य योजना
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किसानों को लेकर राहत पैकेज
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नए रोजगार गारंटी प्रस्ताव
📢 संभावित राजनीतिक हलचल
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि सत्र के दौरान:
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CM Mann राजनीतिक रणनीति के तहत सख्त कानूनों की घोषणा कर सकते हैं।
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विपक्षी दलों का विरोध देखने को मिल सकता है, खासकर SAD और Congress इस पर स्पष्ट राय रख सकते हैं।
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विधानसभा में कल यानी 11 जुलाई को विधेयक और प्रस्ताव पेश किए जा सकते हैं।
🔍 विपक्ष की नजरें और रणनीति
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कांग्रेस और अकाली दल पहले से ही बेअदबी के मुद्दे पर सरकार को घेरते रहे हैं।
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उनका कहना है कि सरकार सिर्फ सत्र बुलाकर राजनीति कर रही है, लेकिन कोई ठोस कदम नहीं उठा रही।
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वहीं AAP सरकार का दावा है कि वह ऐसे मामलों में कानूनी तौर पर पहली बार मजबूत बिल लेकर आ रही है।
📌 सत्र के दौरान क्या-क्या हो सकता है?
| संभावित गतिविधि | विवरण |
|---|---|
| श्रद्धांजलि सत्र | संपन्न हो चुका है |
| विधेयक चर्चा | शाम या कल |
| कैबिनेट मीटिंग | आज दोपहर 2 बजे |
| बिल पासिंग | 11 जुलाई को संभावित |
| प्रेस कॉन्फ्रेंस | सीएम या स्पीकर कर सकते हैं |
📺 मीडिया और जनता की निगाहें
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मीडिया की नज़र मुख्यमंत्री की कैबिनेट मीटिंग पर है।
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आम जनता को भी उम्मीद है कि इस सत्र से कुछ सकारात्मक फैसले और नीतियां निकलेंगी, खासकर किसानों, युवाओं और धार्मिक मामलों पर।
CM Mann की रणनीति को लेकर भी कई सवाल हैं कि क्या ये फैसले 2027 चुनाव की तैयारी का हिस्सा हैं?